अरविन्द कुमार/अमित कुमार/उजियारपुर:[ समस्तीपुर ] उजियारपुर प्रखंड के मालती पंचायत स्थित उत्क्रमित मकतब के प्रधानाध्यापक नजमुल होदा अंसारी आकंठ भ्रष्टाचार में संलिप्त दिख रहे हैं। ताजा मामला उक्त मकतब की शिक्षिका अफसाना बानों से जुड़ा हुआ है। सुत्रों का बताना है कि, बिहारशरीफ की रहने वाली शिक्षिका आफसा बानों, 11 जून के बाद से मकतब नहीं आई हैं, बाबजूद उनकी उपस्थिति मकतब के प्रधानाध्यापक द्वारा बनाया जा रहा है।

इस आरोप की सत्यता की जांच उक्त शिक्षिका के निजी मोबाइल नंबर की लोकेशन जांच से किया जा सकता है। इसमे सबसे आश्चर्यजनक बात तो यह है कि, शिक्षिका आफसा बानों ने 16 जून को सीएल छुट्टी के लिए विद्यालय के प्रधानाध्यापक को लिखित आवेदन भी दे रखी है, बाबजूद हेडमास्टर उक्त शिक्षिका की फर्जी उपस्थिति बना रहे हैं। सुत्रों का यह भी बताना है कि, उक्त विद्यालय के प्रधानाध्यापक नजमुल होदा अंसारी के द्वारा किए जा रहे भ्रष्टाचार का आलम यह है कि, विद्यालय के जीर्णोद्धार व रंग-रोगन के लिए प्रत्येक वित्तिय वर्ष में आवंटित राशि का गबन कर लिया जाता है। जबकि प्रत्येक वर्ष उस राशि का फर्जी उपयोगिता प्रमाण पत्र विभाग को सौंप दिया जाता है। उक्त मकतब परिसर में लगाया गया समरशेबल बोरिंग की लागत राशि तीन लाख पचास हजार रुपए है। जबकि 250 फीट गहराई पर सवा दो ईंच व चार ईंच पाईप लगाकर बोरिंग की गई है। अगर विद्यालयों के विकास कार्यों व जीर्णोद्धार कार्यों के लिए विभाग द्वारा जारी की गयी राशि की जांच की जाए तो, करोड़ों रुपए गबन का मामला सामने आ सकता है।







