समस्तीपुर। समस्तीपुर-पटोरी मुख्य पथ पर सोमवार 01 जून की दोपहर करीब 12 बजे, एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। जब मुसरीघरारी थाना क्षेत्र स्थित समस्तीपुर पटोरी पथ पर फिरोज आरा मिल के समीप, वर्षों पुराना एक विशाल पीपल का पेड़ अचानक उत्पाद विभाग की चलती गाड़ी पर गिर पड़ा। इस दुर्घटना में उत्पाद विभाग के पुलिस पदाधिकारी, शस्त्र बल के जवान, वाहन चालक तथा न्यायालय में पेशी के लिए ले जाए जा रहे दो कैदी समेत कुल आधा दर्जन लोग घायल हो गए। सभी घायलों का इलाज स्थानीय निजी चिकित्सकों के यहां कराया जा रहा है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार घटना सोमवार की दोपहर करीब 12 बजे की है। बताया जाता है कि पटोरी थाना क्षेत्र में कार्यरत उत्पाद विभाग की टीम, दो आरोपितों को न्यायालय में प्रस्तुत करने के लिए समस्तीपुर लेकर जा रही थी। वाहन में पुलिस पदाधिकारी, सशस्त्र बल के जवान, चालक तथा दोनों कैदी सवार थे।
इसी दौरान मुसरीघरारी थाना क्षेत्र के फिरोज आरा मिल के पास पहुंचते ही, सड़क किनारे खड़ा वर्षों पुराना पीपल का पेड़ अचानक भरभराकर उत्पाद विभाग की चारपहिया गाड़ी पर गिर पड़ा। पेड़ गिरते ही इलाके में अफरा-तफरी मच गई। आसपास मौजूद स्थानीय लोग तुरंत घटनास्थल की ओर दौड़े और काफी मशक्कत के बाद वाहन में फंसे सभी लोगों को बाहर निकाला।
स्थानीय लोगों ने बताया कि हादसा बेहद गंभीर हो सकता था, लेकिन सौभाग्य से पेड़ वाहन के बोनट वाले हिस्से पर गिरा। यदि पेड़ सीधे वाहन के मध्य भाग पर गिरता तो जानमाल का बड़ा नुकसान हो सकता था। हादसे में वाहन पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया, जबकि उसमें सवार सभी लोग आंशिक रूप से घायल हो गए।
घटना के बाद घायलों को तत्काल नजदीकी निजी चिकित्सकों के यहां पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार जारी है। चिकित्सकों के अनुसार सभी घायलों की स्थिति फिलहाल खतरे से बाहर बताई जा रही है।
वहीं, सड़क के बीचों-बीच विशाल पेड़ गिर जाने के कारण समस्तीपुर-पटोरी मुख्य मार्ग पर यातायात पूरी तरह ठप हो गया। दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थानीय प्रशासन द्वारा पेड़ हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, ताकि यातायात को जल्द बहाल किया जा सके।
उधर घटना की सूचना मिलते ही मुसरीघरारी थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और, राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया है।पुलिस द्वारा घटना की जानकारी उच्च अधिकारियों को भी दी गई है। प्रशासनिक स्तर पर पेड़ हटाकर आवागमन सामान्य करने तथा दुर्घटना के कारणों की जांच की कार्रवाई जारी है।
इस अप्रत्याशित हादसे ने एक बार फिर सड़क किनारे मौजूद जर्जर एवं पुराने पेड़ों की स्थिति पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से ऐसे खतरनाक पेड़ों की पहचान कर समय रहते आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।
सरायरंजन से नसीब लाल झा की रिपोर्ट।








