
अरविन्द कुमार/नसीब लाल झा/समस्तीपुर:[ बिहार ]
मानसून की पहली ही बारिश ने ही समस्तीपुर नगर निगम की, मानसुन के आगमन के पूर्व की तैयारी की पोल खोलकर रख दी है। मानसुन की इस पहली बारिश में जिला मुख्यालय का, कोई भी ऐसा सड़क व मुहल्ला नहीं बचा है, जहां जलजमाव ना हुआ हो।

मानसून की पहली बारिश में ही जिला मुख्यालय की ज्यादातर सड़कें व मुहल्ला जलमग्न हो चुका है। चारों तरफ जल-जमाव होने से लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

जिला मुख्यालय के आसपास के मुहल्लों में काशीपुर, बारह पत्थर, गायत्री कॉंप्लेक्स, विवेक-विहार, आजादनगर, आदर्शनगर, सोनवर्षा चौक रोड, डीटीओ कार्यालय रोड, पुरानी महिला कॉलेज रोड सहित पुरा बाजार क्षेत्र घंटों जलमग्न बना रहता है।

जिसके कारण राहगीरों एवं वाहन चालकों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

इस दौरान कई स्थानों पर नाले का स्लैब टूटे रहने के कारण, बारिश के पानी से भर चुके नाला में गिरने से, कई राहगीरों एवं वाहन चालकों के घायल होने की भी सुचना मिली है। मानसुन पूर्व नगर निगम की इस आधी अधूरी तैयारी पर, भाकपा माले जिला स्थाई समिति सदस्य सुरेंद्र प्रसाद सिंह ने कहा कि, नाला उड़ाही के नाम पर नगर निगम में करोड़ों रूपये का बंदरबांट हो गया है, लेकिन सही ढंग से नाला का उड़ाही तक नहीं किया गया।

जिसके कारण जिला मुख्यालय के सभी गली मुहल्लों के सड़कों पर, कई फीट पानी जमा हो गया है। जबकि उन्होंने खुद नगर आयुक्त से मुलाकात करने के दौरान, आवेदन देकर टूटे स्लैब को बदलने, व नाले का उड़ाही करने की मांग किये थे, लेकिन नगर निगम ने स्लैब लगाने व नाले की सफाई करने के नाम पर, केवल खानापूर्ति किया है।

श्री सिंह ने जिला प्रशासन से मांग किया है कि, अविलम्ब टूटे हुए स्लैब को बदला जाए तथा नाले की उड़ाही शुरू की जाए, साथ ही नाला उड़ाही के नाम पर करोड़ों की राशि बंदरबांट करने के मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाए, अन्यथा भाकपा माले नगर निगम के खिलाफ आंदोलन चलाने के लिए बाध्य हो जाएगी।







