समस्तीपुर। जिले के उजियारपुर प्रखंड अंतर्गत लखनीपुर महेशपट्टी पंचायत के वार्ड संख्या 03 में, शनिवार 28 मार्च की सुबह एक प्रसूता महिला ने, एक विचित्र शिशु को जन्म दिया। हालांकि उक्त शिशु की जन्म के कुछ देर बाद ही मौत हो गई। इस घटना की जानकारी जैसे ही ईलाके में फैली! हजारों की संख्या में स्थानीय ग्रामीणों की भारी भीड़ मौके पर उमड़ पड़ी।
प्रसुता उजियारपुर थाना क्षेत्र के लखनीपुर महेशपट्टी वार्ड 03 निवासी, सकल राम की 22 वर्षिया बहू बतायी जा रही है। इस संबंध में स्थानीय लोगों का बताना है कि, प्रसूता महिला को पिछले दो दिनों से प्रसव पीड़ा हो रही थी। परिजन उसे अस्पताल ले जाने की तैयारी कर ही रहे थे कि, प्रसुता को इसी बीच घर पर ही प्रसव हो गया। जन्म लेने वाले नवजात को देखकर घर के लोग उसे हनुमान जी का रूप बताने लगे।
महिला के द्वारा जन्म लेने वाले उस बच्चे की खबर पुरे गांव में जंगल की आग की तरह फैल गयी। देखते ही देखते सैकड़ों लोगों की भीड़ मौके पर जमा हो गयी। इस दौरान घर की महिलाओं ने उक्त नवजात को भगवान का अवतार मानकर पूजा अर्चना भी करने लगे। ग्रामीणों का दावा है कि नवजात का चेहरा बंदर जैसा दिखाई दे रहा था, और उसके शरीर के पीछे वाले भाग पर पूंछ जैसी आकृति भी बनी हुई थी, जिससे यह मामला इलाके में कौतूहल का विषय बन गया।
हालांकि, जन्म के कुछ ही देर बाद ही नवजात की मौत हो गई, जिससे परिवार में मातम पसर गया। फिलहाल इस मामले को लेकर स्वास्थ्य विभाग की ओर से कोई आधिकारिक पुष्टि या बयान सामने नहीं आया है। हालांकि शिशु रोग विशेषज्ञों का मानना है कि, इस तरह के मामलों में जन्मजात विकृति (BIRTH DEFECT) की संभावना हो सकती है।
जिसके कारण शिशु का शरीर असामान्य दिख सकता है। विशेषज्ञों का बताना है कि, गर्भ में पल रहे बच्चे के विकास के दौरान कुछ अंग सही ढंग से विकास नहीं कर पाता है। जिसके कारण चेहरा के साथ-साथ शरीर का अन्य भाग भी अलग दिख सकता है। इस दौरान विशेषज्ञों का यह भी कहना है कि, कभी-कभी जीन या क्रोमोसोम की समस्या, DNA या क्रोमोसोम में गड़बड़ी होने से भी, शरीर की बनावट प्रभावित होती है, साथ ही फोलिक एसिड की कमी से भी इस तरह की परेशानी नवजात शिशु के साथ हो सकती है।
यही नहीं! प्रसुता महिला की गर्भावस्था के दौरान सही पोषण की कमी से भी बच्चे में विकृति पैदा हो सकती है। अगर प्रसुता महिला के द्वारा गर्भावस्था के दौरान किसी प्रकार के नशे का सेवन, बगैर डॉक्टरी सलाह के दवा का सेवन, तंबाकू का सेवन आदि किया जाता है तो, उसके कारण भी इस तरह की समस्या उत्पन्न हो सकती है।









