मनरेगा कानून के बदले लाए गए जीरामजी योजना को रद्द करने सहित अन्य मांगों को लेकर खेग्रामस सहित अन्य किसान-मजदूर संगठन ने प्रखंड कार्यालय पर किया धरना-प्रदर्शन

👇खबर सुनने के लिए प्ले बटन दबाएं

समस्तीपुर। जिले के उजियारपुर प्रखंड मुख्यालय स्थित प्रखंड कार्यालय पर, अखिल भारतीय खेत एवं ग्रामीण मजदूर सभा, बिहार प्रान्तिय खेतिहर मजदूर यूनियन एवं बिहार खेत मजदूर यूनियन उजियारपुर प्रखंड कमिटी के तत्वावधान में, राज्यव्यापी आंदोलन के तहत आज सोमवार 05 जनवरी को

करीब 4 बजे मनरेगा कानून को खत्म कर लाए गए जी रामजी योजना को रद्द करने, मजदूर विरोधी चार श्रम कानून को वापस करने, बिना वैकल्पिक व्यवस्था किये गरीबों का घर उजाड़ने पर रोक लगाने,खाद की कालाबाजारी पर रोक लगाने, किसानों को निर्धारित दर पर रासायनिक खाद उपलब्ध कराने, बंद पड़े नल जल एवं नलकूपों को चालू करने सहित अन्य मांगों को लेकर प्रदर्शन कर मौके पर प्रतिरोध सभा किया गया।

आयोजित इस सभा को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि, लोकतंत्र और संविधान विरोधी मोदी सरकार, देश की जनता के मौलिक अधिकारों को कानून बना कर खत्म कर रही है। मनरेगा कानून में मजदूरों को काम का कानूनी अधिकार था। काम के घंटे निर्धारित थे। जिसे खत्म कर जी राम जी योजना बनाकर मजदूरों पर हमला कर दिया है।

वक्ताओं ने यह भी कहा कि, मजदूरों के लिए बने 44 श्रम कानून को खत्म कर, चार लेवर कोड बना कर मजदूरों के अधिकारों पर बड़ा हमला कर शोषण में बेतहाशा बढ़ोतरी की गयी है। बिहार की डबल इंजन की सरकार बुल्डोजर की सरकार गरीबों को उजारने में लगी हुई है।

इस दौरान वक्ताओं ने मांग किया कि, बिना वैकल्पिक व्यवस्था किए गरीबों के घरों को उजाड़ने की घटनाओं को बर्दाश्त नहीं किया जायेगा।

मौके पर अर्जुन दास,जगदीश महतो, राकेश पासवान  किसान नेता महावीर पोद्दार, सुरेन्द्र प्रसाद सिन्हा, सूर्यदेव पाण्डेय, गंगा प्रसाद पासवान, रामाश्रय महतो, दिनेश पासवान, तनंजय प्रकाश, संजय सिंह, कुंवर प्रसाद सहनी, अमरजीत पाल, देवेन्द्र प्रसाद सिंह, उपेन्द्र राय, मो॰ सकूर, मनोज राय,डॉ बी सिंह, अवधेश मिश्रा, बलराम पाण्डेय, हरिदर्शन कुमार, फूल परी देवी, गुलशन आरा, शीला देवी, रीना देवी देवी सहित अन्य लोग मौजूद थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *