समस्तीपुर। जिले के उजियारपुर प्रखंड मुख्यालय स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) परिसर में, बुधवार 29 अप्रैल को आशा एवं आशा फैसिलिटेटरों ने, अपनी विभिन्न मांगों को लेकर कार्य बहिष्कार करते हुए धरना-प्रदर्शन किया। यह आंदोलन बिहार राज्य आशा एवं आशा फैसिलिटेटर संघ के राज्यव्यापी आह्वान पर 29 और 30 अप्रैल को आयोजित किया गया। जिसका नेतृत्व काजल किरण शर्मा ने किया।

प्रदर्शनकारी आशा कार्यकर्ताओं ने बताया कि पिछले सात महीनों से उनकी प्रोत्साहन राशि का भुगतान नहीं किया गया है। जिससे उनके सामने आर्थिक संकट गहरा गया है। सुबह से ही कार्य बहिष्कार कर सभी आशा एवं आशा फैसिलिटेटर पीएचसी परिसर में जुटे और सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
मौके पर आयोजित एक सभा को संबोधित करते हुए, सीपीएम लोकल कमिटी सदस्य कॉमरेड उमेश सहनी ने, बिहार सरकार पर मजदूर और गरीब विरोधी होने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि आशा एवं आशा फैसिलिटेटरों को मिलने वाली प्रोत्साहन राशि ही उनके परिवार के जीवनयापन का मुख्य आधार है, लेकिन सात महीनों से भुगतान नहीं होने के कारण उनके परिवारों के सामने भूखमरी जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई है।
उमेश सहनी ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि सरकार जल्द उनकी मांगों पर ध्यान नहीं देती है, तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा। सभा को लोकल कमिटी सदस्य उपेन्द्र दास, राम सकल दास एवं राम विनोद शर्मा ने भी संबोधित किया और आशा कार्यकर्ताओं की मांगों का समर्थन किया।
धरना प्रदर्शन में हीना कुमारी, वीणा कुमारी, डेजी कुमारी, हेमलता साह, कुमारी विनीता, सरिता देवी, खुशबू कुमारी, ममता कुमारी, रिंकी कुमारी, संगीता कुमारी, विमला देवी, रेहाना खातून, अनीता, प्रतिभा, सुशीला, नूतन सहित बड़ी संख्या में आशा एवं आशा फैसिलिटेटर मौजूद रहीं।







